कोरोना वायरस से बचे लोगों ने बताए COVID-19 के 12 बड़े लक्षण

कोरोना वायरस से बचे लोगों ने बताए COVID-19 के 12 बड़े लक्षण

  2020-03-24 12:06 am

नई दिल्ली: कोरोना वायरस COVID-19 से अब तक दुनियाभर में 3 लाख 41 हज़ार से ज़्यादा लोग संक्रमित पाए गए हैं और इस महामारी से 14 हज़ार से ज़्यादा लोग अपनी जान गंवा चुके हैं। WHO ने इस महामारी से निपटने के लिए एक नई एडवायज़री जारी की है। इसके तहत युवाओं को भी आवश्यक सावधानियां बरतने की सलाह दी गई है। देश-दुनिया में लॉक डाउन है। खासकर भारत में कोरोना वायरस को लेकर कई कठिन कदम उठाए जा रहे हैं। 

फिलहाल, COVID-19 का कोई वैक्सीन नहीं है और यही वजह है कि दुनियाभर के वैज्ञानिक इसका इलाज ढूंढ़ने में दिन रात एक कर रहे हैं। कई जगह इसके वैक्सीन का ट्रायल भी किया गया, लेकिन अभी तक नतीजे कुछ साफ नहीं हैं। वैसे, COVID-19 होने पर व्यक्ति में सामान्य फ्लू जैसे लक्षण पाए जाते हैं। इसमें कफ, सुखी खांसी, बुखार, सिर दर्द की शिकायत होती है। हाल ही में इस महामारी से जीवित बचे लोगों ने कोरोना वायरस के 12 लक्षणों के बारे में बताया है। आइए जानते हैं।  

1. दर्दनाक साइनस 

फ्लू और कोल्ड के दौरान दर्दनाक साइनस होना सामान्य बात है। हालांकि, ये कई दफा बहुत दर्द देता और एक दबाव सा रहता है। चीन के शहर वुहान में रहने वाले कॉनर रीड ने बताया कि इस दौरान साइनस का दर्द भयानक था। कॉनर, उन लोगों में से थे जो नोवेल कोरोना वायरस के नवंबर 2019 में पहले शिकार बनें। उन्होंने बताया कि उन्हें इस दौरान पूरे शरीर में भयानक दर्द था, सिर में भी तेज़ दर्द, आंखें जल रही थीं और गले में खराश महसूस हो रही थी। 

2. कान में झनझनाहट और दर्द 

कॉनर को साथ ही ऐसा लग रहा था कि उनके कान खुलने के लिए तैयार हैं। ऐसा इसलिए हो रहा होगा क्योंकि वायरस की वजह कान बंद हो जाते हैं। कानों के अंदर की ट्यूब बंद हो जाती है जिसकी वजह से प्रेशर महसूस होता है। ऐसे में सभी को यही सलाह दी जाती है कि इयरबड से कान न साफ करें। इससे नुकसान का ख़तरा और बढ़ जाता है।  

3. सिर में तेज़ दर्द

फ्लू और कोल्ड में सिर दर्द सामान्य बात है। ऐसा शरीर में पानी कम होने से भी हो सकता है। अगर सिर दर्द की शिकायत हो तो घबराएं नहीं, बल्कि पैरासिटामोल ले सकते हैं। डॉक्टर कोरोना वायरस के मरीज़ों को ibuprofen के बदलें पैरासिटामोल लेने की सलाह दे रहें हैं। इस बारे में संक्रमित व्यक्ति केविन हैरिस कहते हैं कि उनके सिर में बहुत तेज़ दर्द हो रहा था। इसके बाद वह ओहायो हॉस्पीटल में एडमिट हए थे। केविन आगे बताते हैं कि अगर उनसे पूछा जाए कि 10 के स्केल में वह अपने सिर दर्द को क्या रेटिंग देंगे, तो वह कहेंगे 15। 

4. आंखों में जलन

ऐसा हमेशा देखा गया है कि फ्लू या ऐसे ही किसी इंफेक्शन के समय लोगों को आंखों में जलन होती है। ऐसा किसी चीज़ को लेकर एलर्जी के समय भी होता है। इस तरह की आंखों में जलन धुएं, स्मॉग और अन्य चीज़ों से भी होती है। यहां तक कि कॉनर रीड को भी शुरुआती लक्षणों में आखों में जलन और सिर में तेज़ दर्द की शिकायत थी।   

5. गले में खराश

लगातार खांसने की वजह से गले में खराश पैदा हो सकती है, जो इस बीमारी का अहम लक्षण है। अगर आपको सांस लेने या फिर निगलने में तकलीफ महसूस हो रही हो, तो ये ज़रूरी है कि आप तुरंत डॉक्टर को दिखाएं। एंड्र्यू ओ'डायर कोरोना वायरस से इटली में संक्रमित हुए थे। उन्होंने बताया कि खांसी ने उनकी हालत काफी नाज़ुक कर दी थी। खांसी ऐसी थी जो रुकने का नाम नहीं ले रही थी।

6. शरीर में तेज़ दर्द 

 

कोरोना वायरस से संक्रमित लोगों ने शरीर में काफी तेज़ दर्द होने की बात कही। जो सिर्फ कान और सीने तक सीमित नहीं था, बल्कि पैरों और बांहों में भी काफी तेज़ दर्द था। इस बारे में सिएटल में रहने वाली एलीज़ाबेथ शनाइडर ने कहा कि बीमारी के शुरुआती लक्षणो में बुखार के साथ सिर, शरीर और जोड़ों में भयानक दर्द था। 

7. फेफड़े से पेपर बैग की तरह आवाज़ आना

अगर सांस लेने पर आपके फेफड़ों से काग़ज़ जैसी आवाज़ आने लगे, तो ये नीमोनिया का लक्षण होता है। ऐसी आवाज़ तब आती है, जब आपके फेफड़ों में पानी भरने लगता है। नीमोनिया भी कोरोना वायरस से जुड़ा हुआ है। रॉड आइलैंड के मार्क थिबॉल्ट, को भी सांस लेने में काफी तकलीफ होने लगी थी और घबरा गए क्योंकि वो सांस नहीं ले पा रहे थे।  

 

8. थकान और भूख न लगना

फ्लू में थकान होना सामान्य बात है। इसलिए ऐसे में जितना हो सके आराम करने की सलाह दी जाती है। थाईलैंड के पहले कोरोना वायरस के मरीज़ जेमुआए साए-उग, ने शुरुआती लक्षणों के बारे में याद करते हुए कहा कि उन्हें हमेशा थकावट महसूस होती थी, यहां तक कि भूख लगना भी बंद हो गई थी।  

9. बुख़ार

ऐसा देखा गया है कि कोरोना वायरस का पहला लक्षण बुख़ार है। लोगों को लगा कि बुख़ार ही इस वायरल इंफेक्शन का एकमात्र लक्षण है। कई मरीज़ों को सिर्फ बुख़ार था और सांस में तकलीफ और कफ जैसी कोई दिक्कत नहीं थी। दिल्ली के पहले कोरोना वायरस मरीज़, रोहित दत्ता ने बताया कि जब वह इटली से वापस लौटे तो उन्हें बुख़ार हो गया था, जो कुछ दिन तक रहा और यही वजह है कि वह टेस्ट कराने डॉक्टर के पास पहुंचे थे।   

 

10. सीने में जकड़न

कोरोना वायरस से संक्रमित व्यक्ति को बुखार के साथ सीने में जकड़न और खांसी भी होती है। इसी खांसी के ज़रिए वायरस हवा में फैलता है। इसलिए लोगों को सलाह दी जाती है कि जब उन्हें खांसी या छींक आए तो अपना मुंह हाथ को फोल्ड कर कोहनी की तरफ कर लें। सैंटा क्लैरिटा के कार्ल गोल्डमैन ने बताया कि जब वह फ्लाइट से अमेरिका आए तो उन्हें ट्रैवलिंग के दौरान खांसी हुई। इसके बाद उन्होंने खुद को आइसोलेट कर लिया। इस समय गोल्डमैन को सीने में जकड़न और खांसी की शिकायत थी।  

11. फ्लाइट के सफर से थकान 

लंदन निवासी ब्रिजेट विल्किन्स जब ऑस्ट्रेलिया से लंदन लौटीं, तो उन्हें कुछ लक्षण महसूस होने लगे। उन्हें काफी थकावट और गले में खराश महसूस होने लगी। पहले उन्हें लगा कि फ्लाइट के सफर के बाद ऐसा महसूस कर रही हैं, लेकिन फिर भी उन्होंने टेस्ट कराया। 

12. बेहोशी

ये वायरस मरीज़ों को इस हद तक थका देता है कि वह कई बार उन्हें लगता है कि वह बेहोश हो जाएंगे। ऑक्सफोर्डशायर के रहने वाले डेविड और सैली एबेल, ने कोरोना वायरस से लड़ने की अपनी कहानी साझा की। उन्होंने बताया कि उन्हें भी ऐसे ही लक्षण दिखाई दिए जो बाकी सभी मरीज़ों को महसूस हुए। जिसके बाद वह टेस्ट कराने के लिए गए।

news news news news news news news news